मेरठ। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बेंच की स्थापना को लेकर चल रहे 50 वर्षीय संघर्ष को अब और मजबूती मिल रही है। भारतीय वाल्मीकि आदि धर्म समाज (रजि.) भारत संघर्ष समिति द्वारा घोषित 17 दिसंबर के ‘मेरठ बंद’ का आधिकारिक समर्थन कर दिया है। प्रदेश अध्यक्ष लोकेश टंडन द्वारा जारी समर्थन पत्र में कहा गया कि पश्चिमी यूपी की जनता को सस्ता, सुलभ और त्वरित न्याय दिलाने के लिए हाई कोर्ट बेंच आवश्यक हो चुकी है। संघर्ष समिति के निर्णय के अनुसार मेरठ बार एसोसिएशन ने भी 17 दिसंबर को बंद का आव्हान किया है, जिसका भारतीय वाल्मीकि आदि धर्म समाज ने स्वागत किया है। राष्ट्रीय संचालक महेश टांक, प्रदेश प्रभारी मोनिंदर सूद और वरिष्ठ समाजसेवी रविन्द्र वैद के नेतृत्व में समाज के लोगों ने कहा है कि हम संघर्ष समिति के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं। हाई कोर्ट बेंच की स्थापना पश्चिमी यूपी की जनता का अधिकार है, और इस लड़ाई में उनका पूरा समर्थन जारी रहेगा। भारतीय वाल्मीकि आदि धर्म समाज ने उम्मीद जताई है कि संघर्ष समिति के नेतृत्व में शीघ्र ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट की खण्डपीठ स्थापित होगी, जिससे लाखों लोगों को न्याय की राह आसान होगी। भारतीय वाल्मीकि आदि धर्म समाज ने अंत में यह भरोसा भी दिया कि भविष्य में भी समिति द्वारा चलाए जा रहे हर आंदोलन में धर्म समाज पूर्ण सहयोग देगा।


