मेरठ। शहर में धड़ल्ले से ऐसे निजी अस्पतालों का संचालन हो रहा है जो आम आदमी की जान से खिलवाड़ कर रहें है। इन अस्पतालों को लेकर पहले भी कई बार शिकायतें होती रही है जिसके बाद सीएमओ कुछ दिन अभियान चलाते है लेकिन उसके बाद फिर वहीं पुराना सिलसिला शुरू हो जाता है। यह अस्पताल न सिर्फ आम जनता से इलाज के नाम पर वसूली करते है बल्कि इलाज के साथ सौंपी गई जांच रिपोर्ट में भी बड़ा खेल किया जाता है।
सोमवार को फैसल नाम के युवक ने लोहियानगर स्थित एनएएमएस हाॅस्पिटल पर इलाज के नाम पर वसूली का आरोप लगाया। पीड़ित ने बताया कि वह अपने पिता जिनकी उर्म करीब 50 साल है को इलाज के लिए लेकर पहुंचा। एक सप्ताह इलाज करने के बाद भी जब मरीज को कोई फायदा नहीं हुआ तो मरीज जो नोयडा दिखाया। नोयडा में इलाज करने वाले डाक्टर ने मरीज जाकिर की रिपोर्ट देखकर पूछा कि क्या इनका इलाज चंडीगढ़ में भी हुआ है तो उसने मना कर दिया। कहा कि वह अपने मरीज को मेरठ से डिस्चार्ज कराकर लाया है, चंडीगढ़ में कोई इलाज नहीं हुआ। लेकिन नोयडा के डाक्टर ने इलाज के पर्चे देखकर बताया कि इनमें जो जांच रिपोर्ट है वह एक 17 साल की युवती की है जिसका नाम रिपोर्ट में मिस प्रियेशी लिखा है। यह सुनकर पीड़ित के होश उड़ गए और वह मरीज के साथ मेरठ स्थित एनएएमएस हाॅस्पिटल पहुंचा और जांच रिपोर्ट किसी युवती की होने की बात कही। इसके बाद इलाज करने वाले डाक्टर सत्यप्रकाश ने भी रिपोर्ट किसी दूसरी युवती की होना स्वीकार किया और इसे स्टाॅफ की गलती बताया। लेकिन आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने उसपर बाहर से कुछ युवकों को बुलाकर दबाव बनाया। जब पीड़ित ने इसकी शिकायत करने की बात कही तो उसे यह कहकर अस्पताल से बाहर कर दिया गया कि जो तुमसे होता है वह कर लो। प्रकरण को लेकर इलाज करने वाले डाक्टर सत्यप्रकाश के मोबाइल नंबर 9045783500 पर उनका पक्ष जानने की कोशिश की गई लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। वहीं, एनएएमएस अस्पताल के नंबर 7906733288 पर बात की गई तो किसी लड़की ने फोन उठाया और अस्पताल के डाक्टर से बात कराने का आश्वासन दिया लेकिन बाद में उनसे भी संपर्क नहीं हो सका।

